⛳"धन तेरस" ⛳ ⤵ धन तेरस कार्तिक कृष्णपक्ष की तेरस यानी दीपावली से दो रोज पहले आती है। धनतेरस के दिन देवताओं के कोषाध्यक्ष कुबेरदेव तथा दीपावली पर धन की देवी लक्ष्मी की पूजा की जाती है।ऐसा माना जाता है कि धनतेरस व दीपावली के दिन किया गया दान, हवन, पूजन व उपायों का फल अक्षय (संपूर्ण) होता है। तंत्र शास्त्र के अनुसार, अगर इस दिन कुछ विशेष उपाय किए जाएं या कुछ विशेष वस्तुओं को घर में रखा जाए तो मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और उपाय करने वाले को मालामाल भी कर सकती हैं। 🔹"धन तेरस के फायदे" ⤵ लोक वेद के अनुसार:- ऐसा माना जाता है कि धनतेरस के दिन यदि आप चीनी, बताशा, खीर, चावल, सफेद कपड़ा आदि अन्य सफेद वस्तुएं दान करते हैं, तो आपको धन की कमी नहीं होगी। जमा पूंजी बढ़ने के साथ ही कार्यों में आ रहीं बाधाएं भी दूर होंगी। इस दिन किसी किन्नर को अवश्य दान दें और उससे एक सिक्का मांग लें। यदि किन्नर आपको वो सिक्का खुशी से दे, तो बहुत अच्छा यानी बहुत फायदेमंद रहता है। "धनतेरस की पूजा विधि":-⤵ सबसे पहले मिट्टी का हाथी और धन्वंतरि भगवानजी की फोटो स्थापित करें। चांदी...
पवित्र गीता जी जो चारों वेदों का सारांश है। और गीता जी के अध्याय 16 के श्लोक 23 में लिखा है कि शास्त्रविधि को त्यागकर जो मनमाना आचरण करते हैं, उनको न कोई सुख मिलता है, न सिद्धि प्राप्त होती है और ना ही पूर्ण मोक्ष प्राप्त होता है। क्योंकि:- यह गलत साधना होने के कारण व्यर्थ है। सतभक्ति के लिए देखें:- हमारी भक्ति शास्त्रानुकूल न होने के कारण हमारे पुण्य कम और पाप अधिक बनते हैं। क्योंकि:-हमें तत्वदर्शी संत नहीं मिलने के कारण पवित्र शास्त्रों का अध्यात्मिक ज्ञान सही नहीं मिल पाता और ना ही "सूक्ष्म वेद का तत्वज्ञान" तत्वदर्शी संत बिना कोई बता सकता है। हमारे समाज में जो नकली धर्मगुरु शास्त्रों के विरुद्ध साधना बताते हैं जिन से कोई लाभ नहीं मिलता है, बल्कि दिनों दिन अधिक दु:खी होते हैं।तो जगत के लोग भी दु:खी व्यक्तियों को सलाह देते रहते हैं कि बुझा निकलवा लो उसके पास चले जाओ उस देवता की फेरी लगाओ ऐसा करो,वैसा करो,व्रत करो दान करो पुण्य करो सब बताते हैं। लेकिन उनसे कोई लाभ नहीं होता तो वह दु:खी आदमी कहने लग जाता है कि मैंने सभी देवी-देवताओं और भगवान की बहुत प...
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